नवनिध हासोमल लखानी पब्लिक स्कूल में विशेष सत्र:IPS अधिकारी ने छात्राओं को 'Courage Commitment' के जरिए किया प्रेरित
नवनिध हासोमल लखानी पब्लिक स्कूल में विशेष सत्र:IPS अधिकारी ने छात्राओं को 'Courage Commitment' के जरिए किया प्रेरित
नवनिध हासोमल लखानी पब्लिक स्कूल के सभागार में बुधवार को प्रेरणादायक सत्र "Courage Commitment: The Making of an IPS Officer" आयोजित किया गया। इस सत्र में मुख्य वक्ता आईपीएस अधिकारी आशिमा वासवानी रहीं, जिन्होंने अपने अनुभवों से छात्राओं को प्रेरित किया। कार्यक्रम का शुभारंभ माँ भारती, माँ सरस्वती एवं संत शिरोमणि हिरदाराम साहब के चित्रों के समक्ष दीप प्रज्वलन और माल्यार्पण के साथ हुआ। मंच पर प्रमुख अतिथि आशिमा वासवानी, संस्था के सचिव घनश्याम बूलचंदानी, उप सचिव के.एल. रामनानी और अन्य गणमान्य व्यक्ति उपस्थित थे। उप प्राचार्या रेखा केवलानी ने स्वागत भाषण में आईपीएस अधिकारी का परिचय देते हुए बताया कि वासवानी ने अपनी शिक्षा कार्मेल कान्वेंट स्कूल से प्राप्त की और यूपीएससी परीक्षा में 108वीं रैंक हासिल की। वासवानी ने छात्राओं को संबोधित करते हुए कहा कि सफलता कोई अंतिम गंतव्य नहीं, बल्कि एक सतत यात्रा है। उन्होंने पढ़ाई और तैयारी के दौरान ध्यान केंद्रित करने के महत्व पर जोर दिया और कहा कि ज्ञान और निरंतर परिश्रम से ही लक्ष्य की प्राप्ति संभव है। आशिमा वासवानी ने अपने छात्र जीवन के अनुभव साझा किए और बताया कि यूपीएससी की तैयारी में समाचार पत्र पढ़ना और लाइब्रेरी का उपयोग उनके लिए सहायक सिद्ध हुआ। प्रश्न-उत्तर सत्र में छात्राओं ने जिज्ञासाएं साझा की, जिसमें कक्षा दसवीं की छात्रा नूपुर लालवानी ने कोचिंग के बारे में पूछा। वासवानी ने महामारी के दौरान ऑनलाइन लेक्चर का सहारा लेने की सलाह दी। कार्यक्रम के अंत में संस्था के सचिव ने आईपीएस अधिकारी का शाल और श्रीफल से सम्मान किया। शिक्षिका लता मनवानी ने आभार व्यक्त करते हुए वासवानी का धन्यवाद किया। इस प्रेरक सत्र में कक्षा 9 से 12 तक की छात्राएँ और शिक्षकगण उपस्थित रहे और कार्यक्रम का कुशल संचालन लता मनवानी ने किया।
नवनिध हासोमल लखानी पब्लिक स्कूल के सभागार में बुधवार को प्रेरणादायक सत्र "Courage Commitment: The Making of an IPS Officer" आयोजित किया गया। इस सत्र में मुख्य वक्ता आईपीएस अधिकारी आशिमा वासवानी रहीं, जिन्होंने अपने अनुभवों से छात्राओं को प्रेरित किया। कार्यक्रम का शुभारंभ माँ भारती, माँ सरस्वती एवं संत शिरोमणि हिरदाराम साहब के चित्रों के समक्ष दीप प्रज्वलन और माल्यार्पण के साथ हुआ। मंच पर प्रमुख अतिथि आशिमा वासवानी, संस्था के सचिव घनश्याम बूलचंदानी, उप सचिव के.एल. रामनानी और अन्य गणमान्य व्यक्ति उपस्थित थे। उप प्राचार्या रेखा केवलानी ने स्वागत भाषण में आईपीएस अधिकारी का परिचय देते हुए बताया कि वासवानी ने अपनी शिक्षा कार्मेल कान्वेंट स्कूल से प्राप्त की और यूपीएससी परीक्षा में 108वीं रैंक हासिल की। वासवानी ने छात्राओं को संबोधित करते हुए कहा कि सफलता कोई अंतिम गंतव्य नहीं, बल्कि एक सतत यात्रा है। उन्होंने पढ़ाई और तैयारी के दौरान ध्यान केंद्रित करने के महत्व पर जोर दिया और कहा कि ज्ञान और निरंतर परिश्रम से ही लक्ष्य की प्राप्ति संभव है। आशिमा वासवानी ने अपने छात्र जीवन के अनुभव साझा किए और बताया कि यूपीएससी की तैयारी में समाचार पत्र पढ़ना और लाइब्रेरी का उपयोग उनके लिए सहायक सिद्ध हुआ। प्रश्न-उत्तर सत्र में छात्राओं ने जिज्ञासाएं साझा की, जिसमें कक्षा दसवीं की छात्रा नूपुर लालवानी ने कोचिंग के बारे में पूछा। वासवानी ने महामारी के दौरान ऑनलाइन लेक्चर का सहारा लेने की सलाह दी। कार्यक्रम के अंत में संस्था के सचिव ने आईपीएस अधिकारी का शाल और श्रीफल से सम्मान किया। शिक्षिका लता मनवानी ने आभार व्यक्त करते हुए वासवानी का धन्यवाद किया। इस प्रेरक सत्र में कक्षा 9 से 12 तक की छात्राएँ और शिक्षकगण उपस्थित रहे और कार्यक्रम का कुशल संचालन लता मनवानी ने किया।