16 राज्यों से गुजरे देवेन्द्र 10 माह पहले निकले थे घर से
छत्तीसगढ़ संवाददाता
राजनांदगांव, 18 जुलाई। बिहार का एक युवक स्केटिंग करते हुए बीते 10 माह पूर्व भारत दर्शन का इरादा लेकर घर से निकल पड़ा है। युवक ने निजी दिलचस्पी का हवाला देकर भारत दर्शन के लिए स्केटिंग को सफर के लिए बेहतर विकल्प माना। उसके इस हौसले को देखकर सडक़ से गुजरने वाले लोग हैरत जाहिर कर रहे हैं। युवक मूलत: बिहार के मोतीहारी जिले का रहने वाला है। उसका नाम देवेन्द्र कुमार है।
मिली जानकारी के मुताबिक बिहार के मोतीहारी जिले के रहने वाले देवेन्द्र कुमार की ख्वाहिश रही कि वह स्केटिंग करते हुए भारत भ्रमण करेगा। बीते वर्ष 16 सितंबर 2025 को वह घर से निकला। देवेन्द्र का मानना है कि देश की खूबसूरती को निहारने के लिए वह रोजाना स्केटिंग से 50 से 60 किमी का सफर तय कर रहे हैं। अब तक वह 16 राज्यों से गुजरते हुए छत्तीसगढ़ में दाखिल हुए। राजनांदगांव से गुजरने के दौरान इस संवाददाता से संक्षिप्त बातचीत में उन्होंने बताया कि भारत एक महान देश है और उसकी संस्कृति, भौगोलिक बनावट और अन्य विरासत में मिले संसाधनों को वह करीब से परखना चाहते हैं, इसलिए भारत दर्शन का कार्यक्रम बनाकर वह आगे बढ़ रहे हैं।
16 राज्यों से गुजरे देवेन्द्र 10 माह पहले निकले थे घर से
छत्तीसगढ़ संवाददाता
राजनांदगांव, 18 जुलाई। बिहार का एक युवक स्केटिंग करते हुए बीते 10 माह पूर्व भारत दर्शन का इरादा लेकर घर से निकल पड़ा है। युवक ने निजी दिलचस्पी का हवाला देकर भारत दर्शन के लिए स्केटिंग को सफर के लिए बेहतर विकल्प माना। उसके इस हौसले को देखकर सडक़ से गुजरने वाले लोग हैरत जाहिर कर रहे हैं। युवक मूलत: बिहार के मोतीहारी जिले का रहने वाला है। उसका नाम देवेन्द्र कुमार है।
मिली जानकारी के मुताबिक बिहार के मोतीहारी जिले के रहने वाले देवेन्द्र कुमार की ख्वाहिश रही कि वह स्केटिंग करते हुए भारत भ्रमण करेगा। बीते वर्ष 16 सितंबर 2025 को वह घर से निकला। देवेन्द्र का मानना है कि देश की खूबसूरती को निहारने के लिए वह रोजाना स्केटिंग से 50 से 60 किमी का सफर तय कर रहे हैं। अब तक वह 16 राज्यों से गुजरते हुए छत्तीसगढ़ में दाखिल हुए। राजनांदगांव से गुजरने के दौरान इस संवाददाता से संक्षिप्त बातचीत में उन्होंने बताया कि भारत एक महान देश है और उसकी संस्कृति, भौगोलिक बनावट और अन्य विरासत में मिले संसाधनों को वह करीब से परखना चाहते हैं, इसलिए भारत दर्शन का कार्यक्रम बनाकर वह आगे बढ़ रहे हैं।