भोपाल के स्वामी विवेकानंद कॉलोनी में दुर्गात्सव:गरबा महोत्सव में माता की भक्ति और शक्ति का दिखा रंग, वृद्धजनों को किया सम्मानित
भोपाल के कटारा हिल्स स्थित स्वामी विवेकानंद कॉलोनी में नवरात्रि का महोत्सव धूमधाम से मनाया जा रहा है। स्वामी विवेकानंद परिसर दुर्गा उत्सव समिति द्वारा यहां प्रतिदिन विभिन्न धार्मिक और सांस्कृतिक आयोजन किए जा रहे हैं। जिसमें प्रमुख रुप से गरबा, बच्चों की नीबू रेस, म्यूजिकल चेयर सहित कई प्रतियोगिताएं भी आयोजित की गई , जिसमें सभी रहवासियों ने बढ़ चढ़ कर हिस्सा लिया।.सोमवार को समिति ने यहां 70 से अधिक उम्र के व्यक्तियों को सम्मानित किया। गरबा महोत्सव में धूनी डांस कर माता की आराधना समिति ने यहां 3 दिवसीय गरबा महोत्सव का भी आयोजन किया था। जिसमें लगभग 35 महिलाओं ने हर दिन अलग थीम पर परफॉर्मेंस दी। पहले दिन महिलाओं ने पारंपरिक गुजराती गेटअप में गरबे की सुंदर प्रस्तुति दी। वहीं दूसरे दिन बंगाली थीम पर आयोजित गरबे में माता की भक्ति औऱ शक्ति का अनोखा रंग देखने को मिला। जहां मुख्य आकर्षण धुनुची नृत्य था। जैसे ही महिलाओं ने पंडाल में हाथ में प्रवेश किया , पूरा पंडाल माता के जयकारों से गूंज उठा। दृश्य इतना सुंदर था कि लगा माता धरती पर उतर आई हो। तीसरे दिन का गरबा ओपन फॉर ऑल रखा था, जिसमें प्रशिक्षित महिलाओं के अलावा सभी रहवासियों ने मिलकर गरबा किया। धुनुची नृत्य कोलकाता से शुरू हुई थी धुनुची नृत्य की परंपरा आज पूरे देश में निभाई जाती है। देश के कोने-कोने में बसे देवी भगवती के भक्त नवरात्र के दिनों में मां को प्रसन्न करने के लिए धुनुची नृत्य करते हैं। मान्यता है देवी मां इस नृत्य से अत्यंत प्रसन्न होती हैं और साधक की मनोवांछित कार्यों की सिद्धी होती है। जैसे-जैसे नवरात्र का पर्व आगे बढ़ रहा है, वैसे-वैसे गरबे का उल्लास भी बढ़ता जा रहा है। स्वामी विवेकानंद परिसर में आयोजित हो रहे गरबा महोत्सव में माता की भक्ति और गरबे का अलग ही स्वरूप देखने को मिल रहा है। यहां बंगाली थीम पर गरबा खेला गया। मां दुर्गा की आरती के बाद प्रतिभागी गरबा खेलने जैसे ही पंडाल में उतरे, पूरा वातावरण माता की भक्ति और गरबों के गीतों से सराबोर हो उठा। पारंपरिक गुजराती गीतों पर उत्साह के साथ गरबा किया। समिति के पदाधिकारियों ने बताया कि मंगलवार को यहां राजस्थानी धूमर का आयोजन किया जाएगा। इसके साथ ही म्यूजिकल तंबोला खेला जाएगा।
भोपाल के कटारा हिल्स स्थित स्वामी विवेकानंद कॉलोनी में नवरात्रि का महोत्सव धूमधाम से मनाया जा रहा है। स्वामी विवेकानंद परिसर दुर्गा उत्सव समिति द्वारा यहां प्रतिदिन विभिन्न धार्मिक और सांस्कृतिक आयोजन किए जा रहे हैं। जिसमें प्रमुख रुप से गरबा, बच्चों की नीबू रेस, म्यूजिकल चेयर सहित कई प्रतियोगिताएं भी आयोजित की गई , जिसमें सभी रहवासियों ने बढ़ चढ़ कर हिस्सा लिया।.सोमवार को समिति ने यहां 70 से अधिक उम्र के व्यक्तियों को सम्मानित किया। गरबा महोत्सव में धूनी डांस कर माता की आराधना समिति ने यहां 3 दिवसीय गरबा महोत्सव का भी आयोजन किया था। जिसमें लगभग 35 महिलाओं ने हर दिन अलग थीम पर परफॉर्मेंस दी। पहले दिन महिलाओं ने पारंपरिक गुजराती गेटअप में गरबे की सुंदर प्रस्तुति दी। वहीं दूसरे दिन बंगाली थीम पर आयोजित गरबे में माता की भक्ति औऱ शक्ति का अनोखा रंग देखने को मिला। जहां मुख्य आकर्षण धुनुची नृत्य था। जैसे ही महिलाओं ने पंडाल में हाथ में प्रवेश किया , पूरा पंडाल माता के जयकारों से गूंज उठा। दृश्य इतना सुंदर था कि लगा माता धरती पर उतर आई हो। तीसरे दिन का गरबा ओपन फॉर ऑल रखा था, जिसमें प्रशिक्षित महिलाओं के अलावा सभी रहवासियों ने मिलकर गरबा किया। धुनुची नृत्य कोलकाता से शुरू हुई थी धुनुची नृत्य की परंपरा आज पूरे देश में निभाई जाती है। देश के कोने-कोने में बसे देवी भगवती के भक्त नवरात्र के दिनों में मां को प्रसन्न करने के लिए धुनुची नृत्य करते हैं। मान्यता है देवी मां इस नृत्य से अत्यंत प्रसन्न होती हैं और साधक की मनोवांछित कार्यों की सिद्धी होती है। जैसे-जैसे नवरात्र का पर्व आगे बढ़ रहा है, वैसे-वैसे गरबे का उल्लास भी बढ़ता जा रहा है। स्वामी विवेकानंद परिसर में आयोजित हो रहे गरबा महोत्सव में माता की भक्ति और गरबे का अलग ही स्वरूप देखने को मिल रहा है। यहां बंगाली थीम पर गरबा खेला गया। मां दुर्गा की आरती के बाद प्रतिभागी गरबा खेलने जैसे ही पंडाल में उतरे, पूरा वातावरण माता की भक्ति और गरबों के गीतों से सराबोर हो उठा। पारंपरिक गुजराती गीतों पर उत्साह के साथ गरबा किया। समिति के पदाधिकारियों ने बताया कि मंगलवार को यहां राजस्थानी धूमर का आयोजन किया जाएगा। इसके साथ ही म्यूजिकल तंबोला खेला जाएगा।